गोवा:
कहा जाता है कि पद, पैसा और प्रतिष्ठा की गर्मी यदि बर्दाश्त नहीं कर पाए तो वह परिवार के जीवन को नष्ट कर देता है और अब कुछ ऐसा ही गोवा से चौंकाने वाला मामला सामने आया है जिसमे गोवा के कुरचोरम नगर पालिका से भाजपा के नगरसेवक सुशांत नाइक के बेटे 20 वर्षीय सोहम नाइक को 3 साल से अधिक समय में 25 से 30 नाबालिग लड़कियों का कथित रूप से यौन शोषण करने के आरोप में काकोरा के मधेगल से गिरफ्तार किया गया है। बताया जाता है कि यह बेहद शर्मनाक और गंभीर मामला तब सामने आया जब आरोपी सोहम नाइक ने अपने दोस्तों के एक पार्टी में खुद के द्वारा कई लड़कियों के साथ बेहद आपत्तिजनक और अश्लील कृत्य को अपने मोबाइल में रिकॉर्ड किए हुए वीडियो को दिखाया जिससे धीरे धीरे कई लड़कियों के साथ किए हुए एमएमएस पूरे गोवा में प्रसारित होने लग गए।
जब गोवा के लोगों को ऐसे कुकृत्य का पता चला तो आम जनता सोहम नाइक के खिलाफ तुरंत कार्रवाई करने के लिए पुलिस स्टेशन के बाहर धरना प्रदर्शन करने लगे जिससे मामला और ज्यादा गरम न हो तो पुलिस ने आरोपी सोहम नाइक को गिरफ्तार कर लिया और शुरुआती जांच में पता चला कि आरोपी न केवल लड़कियों के अश्लील विडिओ ही नहीं बनाता था बल्कि उन्हें ब्लैकमेल भी करता था एवं कई अश्लील वीडियो तो ऑनलाइन पोस्ट भी हुए थे और दक्षिण गोवा के पुलिस अधीक्षक संतोष देसाई ने बताया कि हमने आरोपी को गिरफ्तार करने से पहले एफआईआर दर्ज किया था और फिर उसके बाद पीड़ित लड़कियों के बयानों के आधार पर दो और एफआईआर दर्ज की गईं है जिसमे सोहम को मुख्य संदिग्ध माना जा रहा है और कई अन्य लोगों से भी पूछताछ की जा रही है।
उप महानिरीक्षक वर्षा शर्मा ने बताया कि यह घटना लगभग तीन साल पहले कॉलेज में पढ़ते समय हुई थी तब उस वक्त आरोपी, 20 वर्षीय सोहम सुशांत नाइक और पीड़ित दोनों ही घटना के समय नाबालिग थे और उन्होंने आगे कहा कि अब तक बरामद वीडियो क्लिप में कोई भी पीड़िता का चेहरा स्पष्ट रूप से नहीं दिखाई दे रहा है इसलिए एफआईआर केवल शिकायतों के आधार पर दर्ज की गई हैं औरआरोपियों के मोबाइल उपकरणों की फोरेंसिक जांच के बाद सारे तथ्य उजागर होगें।
कथित यौन कांड जाँच स्थानीय पुलिस के बजाय अब गोवा क्राइम ब्रांच कर रही है और आरोपी सोहम को भारतीय न्याय संहिता, सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम, बाल यौन उत्पीड़न संरक्षण अधिनियम (पीओसीएसओ) और गोवा बाल अधिनियम के तहत गिरफ्तार करके स्थानीय अदालत के सामने पेश किया गया जिसमें अदालत ने उसे चार दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया है और आगे की जांच जारी है।